comscore
News

19,000 पौंड का चीनी अंतरिक्ष स्टेशन धरती पर आ रहा है वापस

चीनी अंतरिक्ष स्टेशन "uncontrolled" धरती पर वापस आ रहा है।

  • Published: January 4, 2018 10:15 AM IST
Tiangong-1-orbit

पुराने उपग्रहों और अन्य “space junk” के लिए यह बहुत ही सामान्य है कि ये पृथ्वी पर वापस गिरें। इसीलिए हर साल मलबे के सैकड़ों टुकड़े आते हैं, लेकिन इस बार वैज्ञानिक नर्वस रूप से 19,000 पौंड की चीनी स्पेस स्टेशन के कोर्स को देख रहे हैं क्योंकि इसका नियंत्रण आउट आॅफ कंट्रोल है और यह पता लगाना अभी तक असंभव बना हुआ है कि यह कहां क्रैश करेगा

CBS Denver की रिपोर्ट के मुताबिक मानव रहित अंतरिक्ष प्रयोगशाला का नाम Tiangong-1 है, जिसके मार्च में वापस धरती पर आने की संभावना है। चीन ने कथित तौर पर दो साल पहले जून 2016 में लैब का नियंत्रण खो दिया था। चीनी सरकार ने बाद में अनुमान लगाया था कि 2017 के अंत में कुछ बिंदु पर Tiangong-1 नीचे आ जाएगा। अस्पष्ट अनुमान ने निष्कर्ष निकाला है कि देश के अंतरिक्ष एजेंसी ने दुर्घटनाग्रस्त स्टेशन के कोर्स को निर्देशित करने की पूरी क्षमता खो दी है और यह पता नहीं लगाया जा सकता कि यह धरती पर कहां गिरेगा।

यूरोपीय स्पेस एजेंसी (ESA) द्वारा नवंबर के विश्लेषण के अनुसार, अंतरिक्ष यान की परिक्रमा “निश्चित रूप से जनवरी से मार्च 2018 के बीच कुछ समय तक हो जाएगी, जब यह एक अनियंत्रित रीएन्ट्री करेगी।”

हार्वर्ड के ज्योतिषी Jonathan McDowell ने 2016 में The Guardian को बताया ‘ हम नहीं जानते कि यह कब नीचे जा रहा है और यह कब दूसरे रूप में तब्दील हो रहा है।’ ESA के विशेषज्ञों का कहना है कि अधिकतर अंतरिक्ष यान वायुमंडल में जल जाते हैं, लेकिन भाग का अस्तित्व और पृथ्वी की सतह तक पहुंच सकता है।

रिपोर्टों के मुताबिक, 10,000 में से 1 में केवल एक मौका है कि विशाल अंतरिक्ष प्रयोगशाला वास्तव में एक आबादी वाले क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त हो जाएगी। वैज्ञानिक केवल crash zone को 43° उत्तर और 43° दक्षिण अक्षांश के बीच में संकीर्ण कर पाए हैं, जो क्षेत्र अभी भी पृथ्वी पर हर बसे हुए महाद्वीप के कुछ हिस्सों को शामिल कर रहा है।

ESA के स्पेस डेब्रीस ऑफिस के प्रमुख Holger Krag ने कहा, ‘रिकेंट्री की तारीख, समय और भौगोलिक पदचिह्न केवल बड़े अनिश्चितताओं के साथ भविष्यवाणी कर सकते हैं।’ ‘फिर भी, कुछ समय पहले ही एक बहुत बड़ा समय और भौगोलिक खिड़की का अनुमान लगाया जा सकता है।’

  • Published Date: January 4, 2018 10:15 AM IST