कोरोनावायरस संक्रमण के चलते दुनियाभर में हालात चिंताजनक हैं। दुनियाभर में कोरोनावायरस (Covid-19) के चलते अब तक 1,496,055 लोग संक्रमित हो चुके हैं। इसके साथ ही 88,982 लोगों की मृत्यु हो चुकी है। ऐसे में हर कोई इस महामारी से लड़ने में अपनी ओर से मदद कर रहा है। ऐसे में टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में काम करने वाली और ऑटोमेटिव कंपनीयां ने कोरोनावायरस महामारी से लड़ने के लिए वेंटिलेटर्स बनाने का काम शुरू किया है। Also Read - लॉकडाउन का पालन सही से नहीं हुआ तो कोरोनावायरस का एक मरीज 30 दिनों में 406 लोगों को कर सकता है संक्रमित : ICMR

गेमिंग पीसी बनाने वाली कंपनी Maingear ने वेंटिलेटर LIV बनाने का काम शुरू किया है। इस वेंटिलेटर्स के लिए Maingear ने ओल्ड वर्जन गेमिंग पीसी F131 PC के केस को चैसिस की तरह यूज किया है। Engadget की रिपोर्ट के मुताबिक, इस तरह के वेंटिलेटर्स इटली और स्विजरलैंड में यूज किए जा रहे हैं। इन वेंटिलेटर का डिजाइन ईजी टू यूज ऑटोमेटिक ऑपरेशन के साथ किया गया है। इसमें टचस्क्रीन इंटरफेस दिया है। हेल्थकेयर वर्कर्स इस वेंटिलेटर्स के जरिए 1.5 सेकेंट में ऑक्सीजन की डिलिवरी करनी शुरू कर सकते हैं। इन कॉम्पोनेंट्स की मदद से वेंटिलेटर्स बनाने की लागत कम हुई है। Also Read - कोरोनावायरस के बावजूद इस यूनिवर्सिटी ने इनोवेशन तरीके से की ग्रेजुएशन सेरेमनी, देखें फोटो

Maingear का दावा है कि LIV वेंटिलेटर का प्रोडक्शन परंपरागत वेंटिलेटर्स के मुकाबले एक चौथाई कीमत में बनकर तैयार होते हैं। ऐसे में कोरोनावायरस से संक्रमण के दौरान हॉस्पिटल्स में मरीजों के बढ़ती संख्या के बीच LIV वेंटिलेटर मेडिकल स्टाफ के लिए मददगार हो सकते हैं। Also Read - कोरोनावायरस पर व्हाट्सएप एडमिन को जेल होने वाले वायरल मैसेज का जानें सच!

LIV वेंटिलेटर्स फिलहाल सर्विस देने के लिए तैयार नहीं है। इन्हें अमेरिका में यूज किए जाने के लिए FDA का अप्रूवल नहीं मिला है। Maingear फिलहाल अमेरिका के अलग-अलग राज्यों और शहरों में इन वेंटिलेटर्स को तैनात किए जाने को लेकर अधिकारियों से बात कर रही है। कंपनी जल्द ही इंटरनेशनल मार्केट में भी वेंंटिलेटर्स को सप्लाई कर सकती है। भारत में भी कई स्टार्टअप कंपनियां कोरोनावायरस महामारी से लड़ने के लिए वेंटिलेटर्स, फेस शील्ड का मैन्यूफैक्चरिंग कर रहे हैं।