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Google Doodle: जानें कौन हैं Stefania Maracineanu, जिनके जन्मदिन पर गूगल ने बनाया खास डूडल

Google ने आज खास डूडल बनाकर भौतिकी विज्ञानी के 140वें जन्मदिन पर उन्हें श्रद्धांजली दी है। आइये, इनके बारे में जानते हैं।

Today Google doodle

Today Google Doodle: आज यानी 18 जून का गूगल डूडल बेहद खास है। Google आज डूडल के जरिए Stefania Maracineanu का 140 वां जन्मदिन मना रहा है। Stefania, रेडियोएक्टिविटी की खोज और रिसर्च करने वाली पहली महिलाओं में से एक थी। Also Read - दुनिया के Top-100 ब्रांड्स की लिस्ट, Apple, Google और Amazon के साथ आया भारत की इन 4 कंपनियों का नाम

उन्होंने सन 1910 में भौतिक और रासायनिक विज्ञान में ग्रेजुशन की। Stefania ने अपने करियर की शुरुआत बुखारेस्ट में सेंट्रल स्कूल फॉर गर्ल्स में एक शिक्षक के रूप में की थी। आइये, जानें कौन है Stefania, जिनके जन्मदिन पर गूगल इस खास तरह से उन्हें श्रद्धांजली दे रहा है। Also Read - Google ने तोड़े Data Rules तो कोर्ट ने लगाया भारी जुर्माना, जानें पूरा मामला

Today Google Doodle: कौन हैं Stefania Maracineanu?

Stefania Maracineanu का जन्म 18 जून, 1882 को बुखारेस्ट में हुआ था। उन्होंनें सेंट्रल स्कूल फॉर गर्ल्स में हाई स्कूल यानी 10 की पढ़ाई की। इसके बाद 1907 में उन्होंने बुखारोस्ट यूनिवर्सिटी में एडमिशन लिया। Also Read - Internet Explorer के बाद अब Google की ये पॉपुलर सर्विस हो गई बंद, यूजर्स को लगा झटका

बुखारेस्ट में सेंट्रल स्कूल फॉर गर्ल्स में पढ़ाते हुए उन्होंने रोमानियाई विज्ञान मंत्रालय से स्कॉलरशिप प्राप्त की और बाद में पेरिस में रेडियम संस्थान में ग्रेजुएट रिसर्च करने का फैसला किया।

उस समय संस्थान भौतिक विज्ञानी मैरी क्यूरी के निर्देशन में दुनिया भर में रेडियोएक्टिविटी के अध्ययन का केंद्र बन रहा था। Maracineanu ने पोलोनियम पर PHd थीसिस पर काम करना शुरू किया। इसकी खोज क्यूरी ने की थी।

पोलोनियम पर रिसर्च के दौरान पाया यह

पोलोनियम पर रिसर्च के दौरान मोरेसिनेनु ने देखा कि इसका आधा जीवन उस धातु के प्रकार पर निर्भर करता था, जिस पर इसे रखा गया था। इस बात ने उन्हें यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि क्या पोलोनियम से अल्फा किरणों ने धातु के कुछ परमाणुओं को रेडियोएक्टिव आइसोटोप में ट्रांसफर कर दिया था।

फिजिक्स में अपनी Phd पूरी करने के लिए मोरेसिनेनु ने पेरिस में सोरबोन विश्वविद्यालय में एडमिशन लिया। मेडॉन में Astronomical Observatory में चार साल तक काम करने के बाद वह रोमानिया लौट आई और रेडियोएक्टिविटी के अध्ययन के लिए अपनी पहली प्रयोगशाला की स्थापना की।

Artificial Rain की रिसर्च पर बिताया काफी समय

Maracineanu ने अपना अधिकांश समय कृत्रिम वर्षा (Artificial Rain) पर रिसर्च करते हुए बिताया। इसमें उसके परिणामों की टेस्टिंग करने के लिए अल्जीरिया की यात्रा भी शामिल थी। उसने भूकंप और वर्षा के बीच की कड़ी का भी अध्ययन किया। वह यह रिपोर्ट करने वाली पहली महिला बनीं कि भूकंप के कारण उपरिकेंद्र में रेडियोएक्टिविटी में वृद्धि हुई है।

Maracineanu के काम को 1936 में रोमानिया की विज्ञान अकादमी द्वारा मान्यता दी गई थी, जहां उन्हें अनुसंधान निदेशक के रूप में चुना गया। हालांकि, उन्हें इस खोज के लिए कभी भी वैश्विक मान्यता नहीं मिली।

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  • Published Date: June 18, 2022 9:57 AM IST



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